वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा
बुद्धं शरणं गच्छामि । धम्मं शरणं गच्छामि । संघं शरणं गच्छामि । " हमारे लिए यह दिन खास है, तुलना से परे एक समय, वह खुशी जिसे हम अपने दिलों में गहराई से महसूस करते हैं | हमें उम्मीद है कि आप आएंगे और आपकी उपस्थिति हमारे साथ साझा करेंगे | " प्यार में बंध रहे है, एक प्यारे रिश्ते का बंधन है, पूरे परिवार सहित आपका हार्दिक अभिनन्दन है | 👇//दिन शेष //👇
" शादी का समारोह केवल एक दिन का जश्न होता है पर शादी जिंदगी के हर दिन का जश्न बन जाता है "
दिनांक 14.04.2022 ( गुरुवार )
दिनांक 15.04.2022 ( शुक्रवार )
दिनांक 15.04.2022 ( शुक्रवार )
सुपुत्री : श्रीमती चिंता देवी एवं श्री शंभू प्रसाद
सुपुत्र: श्रीमती वीरवंती देवी एवं स्व0 विष्णु प्रसाद